मुख्य बिंदु:
उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव के लिए कोरोना गाइडलाइन जारी की गई हैं।
नई गाइडलाइंस से ही चुनाव कराने के लिए निर्देशित किया गया है।
प्रचार के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना होगा, 5 लोगों को अनुमति।
पान-गुटखा पर पूरी तरह रहेगा प्रतिबंध, नामांकन के दौरान भी मास्क जरूरी।
मतदान कर्मियों को मास्क पहनना और सभी के मोबाइल में आरोग्य सेतु एप डाउडलोड अनिवार्य कर दिया गया है।
पान- गुटखा पर पूरी तरह रहेगा प्रतिबंध।
डॉक्टरों की टीम भी रहेगी तैनात
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| वोटिंग मशीन |
लखनऊ
कोरोना के तेज़ी से बढ़ते मामलों को देखते हुए उत्तर प्रदेश में होने वाले आगामी पंचायत चुनाव में कोरोना गाइडलाइन जारी की गई हैं। इसके तहत ही चुनाव कराने के लिए निर्देशित किया गया है। राज्य निर्वाचन अधिकारी ने सभी जिला मजिस्ट्रेट और जिला निर्वाचन अधिकारियों को इसके लिए दिशा निर्देश जारी किए हैं। जिसके तहत मतदान से पूर्व मतदान केंद्रों को सैनिटाइज कराना,सभी मतदान कर्मियों को मास्क पहनना और सभी के मोबाइल में आरोग्य सेतु एप डाउडलोड अनिवार्य कर दिया गया है।
राज्य निर्वाचन अधिकारी ने जिला स्तर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी या उनकी ओर से नियुक्त डॉक्टर को नोडल अधिकारी नियुक्त किया जाए। जबकि विकास खंड स्तर पर प्रभारी चिकित्सा अधिकारी या उनकी ओर से नियुक्त डॉक्टर को नोडल अधिकारी होंगे। नोडल अधिकारियों पर ही कोविड के नियमों के पालन की जिम्मेदारी रहेगी।
नियमों के तहत कोई भी व्यक्ति को पर्चा दाखिल करना चाहता है तो वो बिना मास्क के रिटर्निंग ऑफिसर के कक्ष में नहीं जा सकता। साथ ही प्रवेश से पहले उसे साबुन या सेनिटाइजर से हाथ भी धुलने होंगे। कोविड नियमों के तहत कोई भी प्रधान प्रत्याशी चुनाव प्रचार के दौरान 5 से अधिक लोगों की भीड़ इकट्ठा नहीं कर सकता। साथ ही प्रचार के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग का पालन भी करना होगा।
चुनाव कार्य में नियोजित प्रत्येक कर्मी को फेस मास्क लगाना आवश्यक होगा। मतदान केंद्र को उपयोग में लिए जाने से पूर्व सेनेटाइज करवाया जाएगा। मतदान दलों के कर्मियों के प्रस्थान के समय उनका थर्मल स्कैनर से जांच की जाए। पान, गुटखा, तंबाकू आदि मादक पदार्थ का सेवन पर पूरी तरह से प्रतिबंध रहेगा प्रतिबंध रहेगा।

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